अनेक रोगों में बेहद फायदेमंद है अंजीर, करती है अचूक दवा का काम

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हेल्लो दोस्तों आज हेल्थ सेक्शन में हम आपको अंजीर के फायदों के बारे में बताने जा रहे हैं स्वाद और सेहत से भरपूर अंजीर एक प्रकार का फल है| अंजीर विश्व के सबसे पुराने फलों मे से एक है। इसमे कैल्सियम तथा विटामिन ‘ए’ और ‘बी’ पाया जाता है, जो सेहत से जुड़ी कई परेशानियां दूर करता है| अंजीर को आप सूखा कर भी खा सकते हैं| कई लोग अंजीर को दूध में डाल कर खाना भी पसंद करते हैं| Health Benefits Of Anjeer

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कुछ फल ऐसे होते हैं, जो फल के रूप में तो स्वादिष्ट लगते ही हैं, लेकिन सूखने के बाद सेहत के लिए और गुणकारी साबित होते हैं। अंजीर (figs) भी उन्हीं फलों में से एक है। इसे फल और ड्राईफ्रूट दोनों प्रकार से खाया जाता है।

ऐसा माना जाता है कि पृथ्वी पर पाए जाने वाले सबसे पुराने फलों में से एक अंजीर है। अंजीर के बारे में जितनी बात की जाए उतनी ही कम होगी, लेकिन इस आर्टिकल के जरिए हम अंजीर के संबंध में अधिक से अधिक जानकारी देने का प्रयास करेंगे।

क्या है अंजीर? –

अंग्रेजी में इसे फिग कहा जाता है, जबकि इसका वैज्ञानिक नाम फिकस कैरिका (Ficus carica) है। वैज्ञानिक तौर पर माना जाता है कि यह शहतूत परिवार का सदस्य है। इसके फल का रंग हल्का पीला होता है, जबकि पकने के बाद गहरा सुनहरा या बैंगनी हो सकता है।

Health Benefits Of Anjeer
Health Benefits Of Anjeer

अंजीर के पेड़ की छाल चिकनी और सफेद रंग की होती है। इसका पेड़ मुख्य रूप से सूखे और धूप वाली जगह पर तेजी से उगता है और जड़ बेहद गहरी होती हैं। साथ ही यह पहाड़ी क्षेत्र में भी आसानी से पनप सकता है। इसके पेड़ की ऊंचाई 9-10 मीटर तक हो सकती है।

ऐसा माना जाता है कि अंजीर के एक पेड़ की उम्र करीब 100 वर्ष होती है। हिमालय और शिवालिक एरिया में यह बहुतायत में पाए जाते हैं। ईरान, भारत और मध्य-पूर्व के देशों में रहने वाले इसका सेवन अधिक मात्रा में करते हैं।

इसे स्थानीय भाषाओं में विभिन्न नामों से जाना जाता है, जैसे – तेलुगु में अथी पल्लू, तमिल और मलयालम में अती पाजम, कन्नड़ में अंजुरा और बंगाली में दुमूर कहा जाता है। जहां इसका फल जून से सितंबर तक मिलता है, वहीं ड्राईफ्रूट के तौर पर यह सालभर बाजार में उपलब्ध रहता है। इसका टेस्ट सबसे अलग और अनोखा होता है। जहां इसका बाहरी हिस्सा बेहद मुलायम होता है, वहीं अंदर इसके बीज हल्के कुरकुरे होते हैं, जो इसके स्वाद को कई गुना बढ़ा देते हैं। साथ ही अंजीर के गुण कई प्रकार से लाभकारी हैं।

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अंजीर के प्रकार –

मुख्य रूप से अंजीर के पांच प्रकार माने गए हैं। हर प्रकार का अपना अलग स्वाद व मिठास है। अंजीर के विभिन्न प्रकार इस तरह हैं :

ब्लैक मिशन (Black Mission) : बाहर से इसका रंग काला या हल्का बैंगनी होता है, जबकि अंदर से गुलाबी होता है। यह अंजीर न सिर्फ खाने में मीठी होती है, बल्कि इसमें रस भी होता है। इसे केक या खाने का स्वाद बढ़ाने के लिए प्रयोग किया जा सकता है।

कडोटा (Kadota) : यह अंजीर हरे रंग की होती है और बैंगनी रंग का गूदा होता है। यह अंजीर के सभी किस्मों में सबसे कम मीठी होती है। इसे कच्चा खाया जा सकता है, लेकिन इसे गर्म करके और ऊपर हल्का नमक डालकर भी खाया जा सकता है।

कैलीमिरना (Calimyrna) : यह बाहर से हरे-पीले रंग की होती है। इसका आकार अन्य किस्मों के मुकाबले सबसे बड़ा होता है और इसका स्वाद भी सबसे अलग होता है।

Health Benefits Of Anjeer
Health Benefits Of Anjeer

ब्राउन तुर्की (Brown Turkey) : इस अंजीर का बाहरी रंग बैंगनी और गूदा लाल होता है। इसका स्वाद हल्का और कम मीठा होता है। इसका प्रयोग सलाद का स्वाद बढ़ाने के लिए किया जाता है।

एड्रियाटिक (Adriatic) : इसकी बाहरी परत हल्की हरी और अंदर से गुलाबी होती है। इसका रंग हल्का होने के कारण इसे सफेद अंजीर भी कहा जाता है। यह सबसे मीठी होती है और इसे फल के तौर पर खाया जा सकता है।

अंजीर में पाए जाने वाले पोषक तत्व –

  • प्रोटीन 5.5%
  • सेल्ल्योज 7.3%
  • कार्बोहाइड्रेट 63%
  • वसा 1%
  • मिनरल 3%
  • पानी 20.8%
  • एसिड 1.2%
  • फैट 0.5%
  • कैलोरी 30

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अंजीर कब खाएं? –

अंजीर खाने का सबसे अच्छा समय सुबह माना जाता है| सुबह के समय अंजीर का सेवन ज़्यादा फायदेमंद होता है, लेकिन आप चाहे तो इसे दिन में कभी भी खा सकते हैं। इसकी तासीर (effect) गर्म होती है इसलिए बहुत ज़्यादा मात्रा में इसका सेवन नहीं करना चाहिए|

अंजीर खाने का सही तरीका –

  • आप अंजीर को धो कर इसका छिलका उतार कर ही खाएं|
  • इसे रात को पानी में भिगोकर रखें, सुबह इसका पानी पिएं|
  • आप यात्रा के दौरान भी इसे खा सकते हैं, इससे शरीर में ऊर्जा बनी रहती है|
  • ब्रेकफास्ट में इसे खा सकते हैं|
  • आप चाहे तो आइस क्रीम पर डालकर भी अंजीर खा सकते हैं|
  • अंजीर का इस्तेमाल सूप में भी डाल कर किया जाता है|

अंजीर के फायदे –

कब्ज़ में राहत :

अंजीर का सेवन करने से कब्ज की समस्या दूर हो सकती है और पाचन तंत्र अच्छी तरह काम करने लगता है। पाचन तंत्र को बेहतर करने के लिए दो-तीन अंजीर को रातभर के लिए पानी में भिगोकर रख दें और अगली सुबह ऐसे ही या फिर शहद के साथ खाएं।

पाचन तंत्र को बेहतर करने और कब्ज को जड़ से मिटाने के लिए फाइबर की जरूरत होती है। अंजीर में पर्याप्त मात्रा में डाइटरी फाइबर पाया जाता है। शरीर से मल आसानी से बाहर निकल जाता है। अंजीर में फाइबर होने के कारण इसके सेवन से दस्त भी ठीक हो सकते हैं। इस प्रकार पेट के लिए अंजीर फायदेमंद है।

Health Benefits Of Anjeer

कम वजन :

अगर कोई वजन कम करने के बारे में सोच रहा है, तो अंजीर की मदद ले सकता है। अंजीर में फाइबर की मात्रा अधिक होती है और कैलोरी कम होती है। अंजीर का सेवन करने से भूख कम लगती है, जिससे आप अधिक भोजन करने से बच जाते हैं। अंजीर के सेवन से शरीर में मेटाबॉलिज्म का स्तर बेहतर होता है और शरीर में जमा अतिरिक्त वसा भी कम होती है।

हड्डियां मज़बूत करें :

अंजीर को कैल्शियम, पोटैशियम और मैग्नीशियम का मुख्य स्रोत माना गया है। शरीर की हड्डियों को मजबूत करने के लिए ये सभी गुण जरूरी हैं। अंजीर के गुणकारी तत्व हड्डियों पर प्रभावी तरीके से काम करते हैं, जिससे उनके टूटने की आशंका काफी हद तक कम हो जाती है।

एनीमिया :

शरीर में आयरन की कमी होने पर एनीमिया होता है। अगर समय रहते इसका इलाज न किया जाए, तो यह बीमारी घातक साबित हो सकती है। सूखी अंजीर को आयरन का प्रमुख स्रोत माना गया है। इसके सेवन से शरीर में हीमोग्लोबिन का स्तर बढ़ता है ।

मासिक धर्म के समय और गर्भावस्था के समय कई महिलाएं एनीमिया की शिकार हो जाती हैं। इससे उन्हें कई तरह की शारीरिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। वहीं, अगर कोई बीमार है या फिर किसी तरह की सर्जरी हुई है, उस अवस्था में भी एनीमिया हो सकता है। इससे बचने के लिए अंजीर को अपनी डायट में शामिल करना चाहिए। अंजीर के सेवन से शरीर में आयरन की मात्रा बढ़ सकती है और शरीर किसी भी तरह की बीमारी से लड़ने में सक्षम हो जाता है।

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डायबिटीज :

डायबिटीज से बचने या फिर उसके प्रभाव को कम करने के लिए अंजीर की चार-पांच पत्तियों को गर्म पानी में उबाल लें और उसे उबालकर पिएं। इसके अलावा, अंजीर के पत्तों को पहले सुखा लें और फिर उसे पीसकर पाउडर बना लें। इसके बाद पाउडर को एक लीटर पानी में डालकर उबाल लें। अब इस चाय का सेवन करें। अगर भोजन में अंजीर के पत्तों को शामिल किया जाता है, तो ये डायबिटीज से लड़ने में मदद कर सकते हैं

अस्थमा :

अंजीर अस्थमा से भी बचाने में भी सक्षम है। मेथी दाने के पाउडर को शहद और अंजीर के साथ लेने से अस्थमा काफी हद तक ठीक हो सकता है। अस्थमा के मरीज अंजीर का जूस भी पी सकते हैं। इससे उन्हें कुछ हद तक लाभ हो सकता है।

अंजीर के सेवन से शरीर के अंदर म्यूकस झिल्लियों को नमी प्रदान होती है और कफ साफ होता है, जिससे अस्थमा के मरीज को कुछ राहत मिलती है। अंजीर में फाइटोकेमिकल यौगिक भी होते हैं, जो फ्री रेडिकल्स से लड़ते हैं। अगर फ्री रेडिकल्स शरीर में बने रहें, तो अस्थमा को और गंभीर बना सकते हैं।

Health Benefits Of Anjeer
Health Benefits Of Anjeer

बालों में चमक :

बालों में मजबूती के साथ-साथ उनमें चमक लाने में भी अंजीर फायदेमंद हो सकती है। इन दिनों बाजार में ऐसे कई हेयर कंडीशनर हैं, जिनमें अंजीर का इस्तेमाल किया जा रहा है। अंजीर का रस स्कैल्प में नमी बरकरार रखने का काम करता है और वो भी बिना किसी साइड इफेक्ट के।

इसके लिए अपने कंडीशनर में अंजीर के तेल की पांच-सात बूंदें डालकर अच्छी तरह मिक्स कर लें। अब शैंपू करने के बाद इसी कंडीशनर को बालों पर लगाकर पांच-सात मिनट के लिए छोड़ दें और फिर बालों को ठंडे पानी से धो लें।

फोड़े व मस्सों के लिए :

अंजीर फोड़े फुंसी और मस्सों को निकालने में भी प्रयोग होता है अंजीर को सीधा चेहरे पर भी लगा सकते हैं। इससे चेहरे पर अचानक निकल आने वाले फोड़े-फुंसियों और मस्सों को ठीक किया जा सकता है। इसके लिए ताजा अंजीर को पीसकर पेस्ट बना लें और फिर इसे मस्से पर लगाकर करीब 30 मिनट के लिए छोड़े दें। इसके बाद हल्के गुनगुने पानी से चेहरा धो लें।

कोलेस्टेरॉल कम करें :

अंजीर में पेक्टिन नामक घुलनशील फाइबर होता है, जो रक्त से खराब कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम कर सकता है साथ ही अंजीर का फाइबर गुण पाचन तंत्र से भी अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल को साफ कर सकता है। अंजीर में विटामिन-बी6 भी होता है, जो सिरोटोनिन का निर्माण करता है।

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दिल को मज़बूत बनाए :

जब हमारे शरीर में ट्राइग्लिसराइड (एक प्रकार का वसा) की मात्रा बढ़ जाती है, तो ह्रदय संबंधी बीमारियां होने लगती हैं। इससे निपटने के लिए अंजीर का सेवन किया जा सकता है। अंजीर खाने से रक्त में ट्राइग्लिसराइड की मात्रा कम हो सकती है और ह्रदय सही प्रकार से काम करने लगता है। इसलिए, स्वस्थ ह्रदय के लिए अंजीर के कई फायदे हैं। ट्राइग्लिसराइड नियंत्रित करने के लिए अंजीर की कितनी मात्रा लेनी चाहिए, इस संबंध में एक बार डॉक्टर से जरूर पूछें।

ज़ुकाम को जड़ से मिटाए :

अंजीर का प्रयोग सर्दी जुकाम में कारगर उपाय है अगर रोज़ाना पाँच अंजीर पानी में उबाल कर छानकर पिएं तो ज़ुकाम से छुटकारा मिलता है | आपको सुबह – शाम इसे पीना होगा|

यौन शक्ति :

अगर अंजीर को रातभर दूध में भिगोकर रखा जाए और अगली सुबह उसे खाया जाए, तो यौन क्षमता बढ़ सकती है। जब अंजीर का सेवन किया जाता है, तो एमिना एसिड का निर्माण होता है, जिससे नाइट्रिक ऑक्साइड का निर्माण अधिक होने लगता है। इससे रक्त वाहिकाएं फैलने लगती हैं और यौन अंगों सहित शरीर के सभी हिस्सों में रक्त का प्रवाह तेज हो जाता है।

Health Benefits Of Anjeer

अंजीर के अधिक सेवन से होने वाले नुकसान –

  • सूखे अंजीर बहुत ज़्यादा खाने से दाँत सड़ सकते हैं|
  • अंजीर में शुगर मात्रा बहुत अधिक होती है, इसलिए शुगर के मरीज़ इसे कम खाएं।
  • अधिक मात्रा में अंजीर के सेवन से पेट में दर्द हो सकता है |
  • अंजीर की तासीर गर्म होती है जिससे नाक में खून आने का डर रहता है |
  • किसी- किसी को अंजीर खाने से एलर्जी होती है, इसलिए खाने से पहले एक बार डॉक्टर की सलाह ज़रूर लें |

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