चाणक्य नीति- ये 4 काम करने के बाद नहाना जरूर चाहिए

1
57

किसी भी मनुष्य के लिए उसका शरीर ही सबकुछ होता हैं। अगर शरीर साथ दे तो मनुष्य हर कठिनाई का सामना कर लेता है। शरीर अच्छी सेहत के लिए सबसे ज्यादा जरूरी होता है नहाना। क्योंकि नहाने से शरीर की गन्दगी साफ़ रहती है और कीटाणुओं का खतरा नही रहता। नहाना अध्यात्मिक रूप से महत्वपूर्ण हैं। Must Bath After These Work

आचार्य चाणक्य के अनुसार किसी भी व्यक्ति के लिए सबसे बड़ा धन उसका अच्छा स्वास्थ्य होता है. और हम देखते है की इसी कारण से स्वास्थ्य के संबंध में कई प्रकार के नियम बनाए गए हैं. अच्छे स्वास्थ्य के लिए अच्छे खान-पान के साथ अच्छा रहन-सहन और अच्छी आदतों का होना भी बहुत जरूरी होता है.

ये भी पढ़िए : चाणक्य नीति : इन 4 कारणों से पति-पत्नी के रिश्तों में आती है दरार

रहन-सहन का भी हमारे स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव पड़ता है. बहुत सी बीमारियां तो ऐसी होती है जो केवल नहाने से ही दूर हो जाती है. आचार्य चाणक्य ने इस श्लोक में ऐसे 4 प्रकार के काम बताए हैं, जिनको करने के बाद सभी व्यक्ति को नहाना चाहिए.

आचार्य चाणक्य कहते हैं कि…

तैलाभ्यङ्गे चिताधूमे मैथुने क्षौरकर्मणि।
तावद् भवति चाण्डालो यावत् स्नानं न चाचरेत्।

इन कामों को करने के बाद जरुरी है नहाना :

1. शरीर की तेल मालिश करने के बाद –

चाणक्य ने बताया है कि स्वस्थ्य शरीर और चमकदार त्वचा के लिए जरूरी है कि सप्ताह में कम से कम एक बार पूरे शरीर पर तेल मालिश की जानी चाहिए. तेल मालिश के बाद शरीर के रोम छिद्र खुल जाते हैं और अंदर का मेल बाहर हो जाता है. अत: तेल मालिश के तुरंत बाद नहा लेना चाहिए. इससे शरीर का समस्त मेल और तेल साफ हो जाता है.त्वचा में चमक आती है। तेल मालिश के बाद बिना नहाए बाहर जाना अशुभ माना जाता है.

Must Bath After These Work

2. शवयात्रा या श्मशान से आने के बाद –

जब किसी व्यक्ति या संबंधी की मृत्यु हो जाती है तो उसे अंतिम संस्कार के लिए शमशान ले जाया जाता है. तो हम भी उसकी अंतिम यात्रा में सम्मिलित होते है. अंतिम यात्रा और शमशान जाने पर वहां से वापस आने पर तुरंत बाद नहा लेना चाहिए. क्योंकि श्मशान के वातावरण में कई प्रकार के जीवाणु और कीटाणु होते हैं जो कि किसी भी स्वस्थ व्यक्ति के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होते हैं. शमशान में जाने पर ये कीटाणु हमारे बालों में और कपड़ों पर लग जाते हैं, यदि इन कीटाणुओं को साफ नही किया जाए तो यह हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकते हैं. अत: शमशान से घर आने के तुरंत बाद नहा लेना चाहिए.

ये भी पढ़िए : चाणक्य नीति: ऐसी महिलाओं से भूलकर भी नहीं करनी चाहिए शादी !

3. काम–क्रीडा करने के बाद –

कोई भी स्त्री या पुरुष किसी स्त्री या पुरुष के साथ प्रेम-प्रसंग (काम क्रिया) करता है तो उसके बाद उसे नहा लेना चाहिए. क्योंकि काम क्रिया के बाद स्त्री और पुरुष दोनों ही अपवित्र हो जाते हैं. काम क्रिया या संभोग के बाद जब तक व्यक्ति नहाता नही है, तब तक वह किसी भी धार्मिक आयोजन में सम्मिलित होने योग्य नहीं होता है. आचार्य चाणक्य कहते है की काम क्रिया के बाद बिना नहाए, घर से बाहर भी नहीं जाना चाहिए.

Must Bath After These Work

4. बाल कटवाने के बाद नहाना जरुरी है –

आचार्य चाणक्य कहते है कि हमें बाल कटवाने के बाद हमेशा नहा लेना चाहिए. अधिकतर लोग अपने बाल हर महीने कटवाते है ऐसे में आप जब भी अपने बाल कटवाये. बाल कटवाने के बाद जरुर नहा ले. जब हम बाल काटते है तो हमारे शरीर में छोटे–छोटे बाल चिपक जाते है. जो एक तरह की गंदगी ही है. ऐसे में इन बालों को दूर करने के लिए नहाना ही एक रास्ता है. एक बार स्नान करने के बाद इन बालों से भी छुटकारा मिल जाता है.

Keywords : Chanakya Neeti, Must Bath After These Work, चाणक्य नीति

1 COMMENT

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here